जावद। आस्ताना -ए - कादरिया फाउंडेशन एवं मदरसा हबीबिया इस्लामिया जावद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित पहला मुस्लिम विद्यार्थी प्रतिभा सम्मान समारोह (हौसला अफजाई) व मोटिवेशनल प्रोग्राम दिनांक 03 मई 2026 (रविवार) को जामात खाना मोमिन मोहल्ला में अत्यंत गरिमामय और उत्साहपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में जावद सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में विद्यार्थी, अभिभावक, उलेमा-ए-कराम और समाज के गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम पीर-ए-तरीकत सैय्यद आकिल अख्तरूल कादरी (र.अ.) की बफैजे रूहानी मौजुदगी में हुआ । प्रोग्राम की शुरुआत हाफिज आसिफ ने तिलावत-ए-कुरआन पाक से की, जिससे माहौल रूहानी हो गया। इसके पश्चात हाफिज फरीद, हाफिज समीर कादरी एवं हाफिज उसमान कादरी ने नात-ए-पाक पेश की, जिसने उपस्थित लोगों के दिलों को छू लिया। आशिक रहमानी ने कौमी तराना सारे जहां से अच्छा हिंदुस्ता हमारा पड़ा। मंच संचालन सिद्दीक नूरी चित्तौड़गढ़ बेहद प्रभावी ढंग से किया गया, जिससे पूरा कार्यक्रम व्यवस्थित और आकर्षक बना रहा। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2025-26 में 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट अंक प्राप्त करने वाले मुस्लिम विद्यार्थियों को सम्मानित करना और अन्य छात्रों को भी शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना था।
समारोह में मेधावी विद्यार्थियों को मोमेंटो, शील्ड एवं अन्य पुरस्कार प्रदान कर ‘ हजरत आकिल अख्तर अवार्ड’ से सम्मानित किया गया। छात्रों के चेहरे पर खुशी और गर्व साफ झलक रहा था, वहीं अभिभावकों में भी अपने बच्चों की उपलब्धियों को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम के दौरान आयोजित मोटिवेशनल सेशन विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। इसमें वक्ताओं ने विद्यार्थियों को शिक्षा का महत्व, समय का सदुपयोग, लक्ष्य निर्धारण, करियर प्लानिंग और नैतिक मूल्यों के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने कहा कि मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन से कोई भी छात्र अपनी मंजिल हासिल कर सकता है। साथ ही, छात्रों को मोबाइल और सोशल मीडिया के अत्यधिक उपयोग से बचते हुए पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी गई। उलेमा-ए-कराम और समाज के वरिष्ठ लोगों ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा ही वह माध्यम है, जिससे समाज में तरक्की और जागरूकता लाई जा सकती है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों की तालीम पर विशेष ध्यान दें और उन्हें अच्छे संस्कारों के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करें। आस्ताना-ए-कादरिया फाउंडेशन के मुख्य व जावद शहर काजी सैय्यद आदिल कादरी ने कहा कहा की यह प्रोग्राम हमारे जावद व आसपास के होनहार बच्चों की हौंसला अफजाई के लिए किया गया है। हमार उद्देश्य है कि समाज के युवाओं को शिक्षा के क्षेत्र में आगे ले जाना है ताकि हमारी नई पीढ़ी शिक्षित होकर आगे आने वाले बच्चों को अच्छी राह बताए। अभी वर्तमान में संस्था द्वारा निःशुल्क कम्प्युटर कोचिंग क्लासेस भी चलाई जा रही है ।
अगर कोई बच्चा कम्प्युटर चलाना सिखना चाहता है तो संस्था के जिम्मेदारों से जानकारी ले सकता है । कार्यक्रम में अनुशासन और व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया। संस्था के सदस्यो ने पूरी जिम्मेदारी के साथ व्यवस्थाओं को संभाला, जिससे सभी मेहमानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई। कार्यक्रम स्थल को सुंदर तरीके से सजाया गया था, जिससे पूरा माहौल आकर्षक और प्रेरणादायक नजर आ रहा था। आयोजकों ने बताया कि यह कार्यक्रम केवल सम्मान तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य समाज में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और नई पीढ़ी को सही दिशा देना है। भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इसका लाभ मिल सके। अंत में आयोजकों द्वारा सभी अतिथियों, उलेमा-ए-कराम, विद्यार्थियों, अभिभावकों और सहयोगकर्ताओं का दिल से आभार व्यक्त किया गया। इस सफल आयोजन ने यह साबित कर दिया कि यदि समाज एकजुट होकर प्रयास करे, तो शिक्षा के क्षेत्र में बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं। इस प्रोग्राम मे मुख्य अतिथि जनाब अकरम कादरी दिल्ली, एडवोकेट गुलाम यजदानी नीमच, प्रोफेसर अरनान शेख भीलवाड़ा, सिद्दीक नूरी चित्तौड़गढ़, वसीम पठान (इकरा एजुकेशन नीमच) ने मोटिवेट किया । बच्चों को मुकामी रहबर जनाब नूर मोहम्मद (रिटायर्ड टीचर), डाक्टर सैय्यद रिज़वान, डाक्टर जुनेद साहब एमबीबीएस नीमच, इमरान सरवारी (कंपीटिशन परीक्षा टीचर), यासीन मुल्तानी (टीचर), आशिक़ रहमानी (टीचर) फ़ज़ल अहमद छिपा (एडवोकेट), इमरान अगवान (टीचर), मोहम्मद वसीम नीमच (टीचर), सादिक पठान (कम्प्यूटर टीचर), शोएब कुंडलावाला छिपा (टीचर), समीर मेवाफरोश (टीचर), मोहम्मद वसीम मंसूरी निम्बाहेडा भी गाइडेंस किया और कहा की भविष्य में कभी भी शिक्षा के क्षेत्र में कोई परेशानी आए तो हम सभी आप बच्चों की मदद के लिए तैयार रहेंगे ।
इस वर्ष 10वीं में उर्त्तीण होने वाले ईरम, अल्फेज छीपा, खुशी, मो. रेहान पटेल, फिजा जहॉ, मोहम्मद आतिक अत्तारी, अलीना परवीन, अलीना परवीन, अशान रंगरेज, मो. अफजल अली, अरमान मंसरूी, अलीना परवीन, आसफ खॉं, मो. अकमल, सानीया बानो, सुुमाईला खातुन, जुनैद मोहम्मद, फाहीजा बानो छीपा, मो. अनस, अलीना खान, शाहीन बी, अमान रंगरेज, अमन मोहम्मद, अलीम खॉं, शाहीद हुसैन, सोफीया, इरफान हुसैन, गुलाम ईशाक, शाहबाज हुसैन, मो. अनवार कुरैशी, ईदरीस, शाईन मेवाफरोश, सानिया बी, मो. अनिस मोमिन, फेजान रंगरेज, आसिफ हुसैन, बदरून्निसा, सलमान रंगरेज, अफजल मेवाफरोश, मो. फरमान, साहिल पठान व 12वीं में उत्तीर्ण होने वाले अदनान राही, आसिफ रंगरेज, मो. अयान रंगरेज, जीनत मोमिन, अरबाज अली, साहिल खान, ओवेश हुसैन रंगरेज, मो. अफजल रंगरेज, अल्फेज, मो. निशात छीपा, निखत, अयान, अयान, ईशरत जहां, सज्जाद शाह, अयान छीपा, शबी हैदर को हजरत आकिल अख्तर अवार्ड से नवाजा गया । आस्ताना ए कादरिया फाउंडेशन की जानिब से डॉक्टर सैयद रिजवान ने सभी का आभार माना । उक्त जानकारी मीडिया प्रभारी हबीब राही द्वारा दी गई।