सरवानिया महाराज। नगर परिषद सरवानिया महाराज एक बार फिर अपने फैसलों को लेकर विवादों के घेरे में आ गई है, नगर में लगातार यह सवाल उठ रहे हैं कि परिषद जहां एक ओर बुनियादी विकास कार्यों को पूरा नहीं कर पा रही है, वहीं दूसरी ओर सार्वजनिक और सुरक्षित जमीनों को बेचने या उनके उपयोग में बदलाव के निर्णय ले रही है। इससे न केवल जनप्रतिनिधियों में असंतोष है, बल्कि आम नागरिक भी इन फैसलों पर सवाल खड़े कर रहे हैं।
नियमों के विपरीत नीलामी प्रक्रिया पर उठे सवाल :-
मार्च 2024 में नगर परिषद द्वारा सुरक्षित पंचायत भूमि को तोड़कर दुकानों के लिए भूखंड तैयार किए गए और उनकी नीलामी कर दी गई। आरोप है कि यह पूरी प्रक्रिया शासन के निर्धारित नियमों के अनुरूप नहीं थी। उस समय परिषद के कई पार्षदों ने खुलकर विरोध किया था, लेकिन इसके बावजूद नीलामी प्रक्रिया पूरी कर ली गई। नीलामी के दौरान कई खरीददारों ने निर्धारित समय सीमा में राशि जमा नहीं कराई। इसके बाद तत्कालीन सीएमओ द्वारा नोटिस जारी कर तीन दिन के भीतर भुगतान करवाया गया। हालांकि राशि जमा होने के बावजूद दो वर्ष बीत जाने के बाद भी दुकानों का निर्माण कार्य आज तक पूरा नहीं हो सका है, जिससे पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठ रहे हैं। भूखंड आवंटन के बाद पट्टानामा अनुबंध का पंजीयन अनिवार्य होता है, जिसके बाद ही 2 प्रतिशत वार्षिक लीज रेंट लागू होता है। लेकिन कई मामलों में यह प्रक्रिया अब तक पूरी नहीं हुई है, जिसके चलते नगर परिषद को अपेक्षित राजस्व नहीं मिल पाया और आर्थिक नुकसान की स्थिति बनी हुई है।
वार्ड 15 में स्वास्थ्य केंद्र बना उपयोगहीन ढांचा :-
वार्ड क्रमांक 15 में लाखों रुपये की लागत से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण किया गया, लेकिन इसकी लोकेशन को लेकर शुरुआत से ही विवाद बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिना सर्वे और जनसहमति के इसे मीडिल स्कूल के बीच बना दिया गया, जिससे एम्बुलेंस और अन्य इमरजेंसी सेवाओं की पहुंच मुश्किल हो गई। परिणामस्वरूप एक वर्ष से अधिक समय बीतने के बाद भी भवन उपयोग में नहीं आ सका है। खाली पड़े भवन में तोड़फोड़ होने से कांच, पाइप और खिड़कियों को नुकसान पहुंचा है, जिससे लाखों रुपये की क्षति हुई है।
वार्ड 11 में अधूरा गेट, मामला न्यायालय में :-
वार्ड क्रमांक 11 में प्रवेश द्वार (गेट) निर्माण का कार्य शुरू किया गया था, लेकिन विवाद के चलते मामला न्यायालय में पहुंच गया। संबंधित व्यक्ति द्वारा स्टे लाने के बाद निर्माण कार्य पूरी तरह रुक गया है और अब कोर्ट के फैसले के बाद ही आगे की कार्रवाई संभव होगी।
स्कूल मैदान की जमीन पर बढ़ता विरोध :-
वार्ड क्रमांक 1 में स्थित स्कूल की सुरक्षित भूमि के पास हाट मैदान के नाम पर भूखंड आवंटन/नीलामी का मामला भी तूल पकड़ता जा रहा है। यह मैदान लंबे समय से दशहरा, दीपावली बाजार, सामाजिक कार्यक्रम, खेलकूद और विद्यार्थियों की गतिविधियों का केंद्र रहा है। इसके बावजूद यहां भूखंड काटने के प्रस्ताव को लेकर स्थानीय लोगों और पार्षदों ने कड़ा विरोध जताया है।
बड़ा खरा मैदान भी विवादों में, नया प्रस्ताव बना चर्चा का विषय :-
नगर परिषद सरवानिया महाराज एक बार फिर सुर्खियों में, सरकारी जमीन को लेकर विवादों में घिरती नजर आ रही है, वार्ड नंबर 6 के मोटा खरा क्षेत्र में स्थित मैदान की जमीन को हाट मैदान के नाम से बेचने अथवा लीज के प्रस्ताव की चर्चा सामने आने के बाद नगर में विरोध प्रारंभ हो गया है, प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर परिषद द्वारा 23 तारीख को आयोजित होने वाली परिषद बैठक के एजेंडे में मोटा खरा मैदान की जमीन को हाट मैदान के नाम से बेचने का प्रस्ताव लाने की सूचना पार्षदों को दी गई है। जैसे ही इस बैठक की जानकारी सामने आई, नगरवासियों के बीच इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई और सोशल मीडिया सहित विभिन्न ग्रुपों के माध्यम से इसका विरोध भी शुरू हो गया। नगरवासियों का कहना है कि मोटा खरा मैदान नगर के प्रमुख सार्वजनिक आयोजन स्थलों में से एक है, जहां समय-समय पर धार्मिक, सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। ऐसे में इस जमीन को बेचने अथवा लीज का प्रस्ताव लाना आमजन की समझ से परे है। लोगों का कहना है कि यदि यह जमीन बिक जाती है तो भविष्य में नगर में बड़े आयोजनों के लिए स्थान की कमी हो सकती है। कई लोगों ने इसे नगर के हितों के खिलाफ बताते हुए इस प्रस्ताव को वापस लेने की मांग भी की है। इधर नगरवासियों का यह भी कहना है कि हाल ही में नगर परिषद द्वारा मोटा खरा मैदान में बनाए गए डोम की पूरे नगर में भुरी भुरी सराहना हो रही थी। लोगों का मानना था कि अब यहां लगभग 10 हजार लोगों का बड़ा आयोजन आसानी से किया जा सकेगा। लेकिन अचानक इसी स्थान की जमीन बेचने के प्रस्ताव की चर्चा ने सभी को हैरान कर दिया है। फिलहाल इस मुद्दे को लेकर नगर में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है और अब सभी की नजर 23 तारीख को होने वाली नगर परिषद की बैठक पर टिकी हुई है, जहां इस प्रस्ताव पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है। ऐसे में इसी स्थान की जमीन के उपयोग को लेकर लोगों में असंतोष बढ़ गया है।
इनका कहना :-
वार्ड क्र. 01 स्कूल मैदान के बाहर हाट मैदान के लिए भूखंड आवंटन कर दुकान बनाने का कार्य परिषद पर निर्भर करता है कि वह वहां क्या बनवाना चाहती है। इस संबंध में परिषद को जमीन आवंटन का लेटर मिला है, तथा वार्ड नंबर 6 में बड़ा खरा के यहां हाट बाजार प्रस्तावित है और वहां टीन शेड बनने वाला है, जिसकी स्वीकृति विधायक जी द्वारा करवाई गई है। आने वाली 23 तारीख की बैठक में इस प्रस्ताव को पास किया जाएगा। वार्ड नंबर 15 में स्वास्थ्य विभाग का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, लेकिन यह कार्य स्वास्थ्य विभाग का है। मेरे द्वारा कुछ समय पहले डॉक्टर से इस संबंध में चर्चा की गई थी, उन्होंने बताया कि शीघ्र ही इसका लोकार्पण किया जाएगा। वार्ड क्रमांक 11 में गेट का कार्य नगर परिषद द्वारा कराया जा रहा था, लेकिन संबंधित व्यक्ति द्वारा स्टे लाने के कारण काम रुक गया है। अब न्यायालय के फैसले के बाद ही निर्माण कार्य शुरू होगा। वार्ड क्रमांक 08 में व्यवसायिक उपयोग के लिए भूखंडों की नीलामी के बाद उनकी 2% लीज राशि जमा हो रही है। यदि कहीं यह राशि जमा नहीं हुई है, तो मैं उसे दिखवा लेता हूँ।
-राकेश चौहान, प्रभारी सीएमओ नगर परिषद सरवानिया महाराज। सरवानिया महाराज में स्कूल भूमि का मैदान पूरी तरह सुरक्षित है। इसके पास की जमीन नगर परिषद की है, जहां परिषद नियम अनुसार निर्माण करवा सकती है। बहुत जल्द यहां सांदीपनी विद्यालय का भूमि पूजन किया जाएगा। बड़ा खरा डोम हमारी सरकार द्वारा बनाया गया है और उसके सामने पार्किंग व्यवस्था का पूरा ध्यान रखते हुए आगे का निर्माण कार्य किया जाएगा। वार्ड नंबर 15 में अस्पताल स्वास्थ्य विभाग द्वारा बनाया गया है, जिसमें कुछ कमियां हैं। इस संबंध में कई बार पत्र लिखकर अवगत कराया गया है। इसका लोकार्पण अभी शेष है। यहां जो नुकसान हुआ था, उसे संबंधित ठेकेदार से ठीक करवाया जाएगा। वार्ड नंबर 11 में गेट निर्माण कार्य चल रहा था, लेकिन कुछ लोग विकास कार्यों में बाधा डालते हुए कोर्ट से स्टे ले आए, जिससे काम रुक गया। न्यायालय के निर्णय के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी। वार्ड नंबर 08 में पुरानी पंचायत के भूखंडों का किराया आवंटन के साथ ही लागू हो चुका है। इसका भुगतान अनिवार्य है, हालांकि इसकी वर्तमान स्थिति की जानकारी परिषद स्तर से ही प्राप्त की जा सकती है यह मेरे संज्ञान में नहीं है।
-रूपेंद्र जैन (अध्यक्ष) नगर परिषद सरवानिया महाराज. मेरे वार्ड में अभी तक कोई विकास कार्य नहीं हुआ है। मेरा विरोध है कि नगर परिषद वार्ड क्रमांक 01 मे स्थित स्कूल मैदान की जमीन को सुरक्षित रखे और हाट मैदान के लिए अन्य स्थान चयन करे। -जगदीश राठौर, पार्षद वार्ड क्रमांक 01. मेरे वार्ड में अभी तक कोई विकास कार्य नहीं हुआ है। गेट निर्माण कार्य शुरू हुआ था, लेकिन संबंधित व्यक्ति द्वारा कोर्ट से स्टे लाने के कारण काम बंद हो गया। अब न्यायालय के फैसले के बाद ही यह कार्य दोबारा शुरू किया जाएगा।
-रामलाल राठौर, उपाध्यक्ष व पार्षद वार्ड नंबर 11. अस्पताल का निर्माण कार्य पूरा हो गया है, लेकिन अभी उसका लोकार्पण बाकी है। यहां तोड़फोड़ के कारण कांच, पाइप और खिड़कियों को नुकसान हुआ है। संबंधित ठेकेदार ने अभी तक भवन को हैंडओवर नहीं किया है, इसलिए उसे ही सभी कार्य ठीक कर सौंपना होगा।
-अर्जुन पाल, पार्षद प्रतिनिधि वार्ड नंबर 15 बड़ा खरा में डोम परिसर में कमरे और रसोई घर के निर्माण की योजना मेरे संज्ञान में है, लेकिन वहां पार्किंग के लिए खाली पड़ी जमीन को हाट मैदान के नाम पर बेचना गलत है। मुझे इसकी जानकारी आपके माध्यम से मिली है। यदि ऐसा होता है तो हम इस पर बात करेंगे और इसका विरोध करेंगे।
-अनिल राठौर पार्षद प्रतिनिधि वार्ड नंबर 6।