चैत्र शुक्ल नवमी के अवसर पर 'श्री राम नवमी' का पावन पर्व मनाया जाएगा। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के जन्मोत्सव का यह दिन अधर्म पर धर्म की विजय और जीवन के सही संचालन का संदेश देता है।
आज चंद्रदेव मिथुन राशि और आर्द्रा नक्षत्र में रहेंगे, जिसके स्वामी राहु और देवता 'रुद्र' हैं। आर्द्रा नक्षत्र के प्रभाव से आज बौद्धिक क्षमता और कुछ नया सीखने की जिज्ञासा बनी रहेगी।
आज शोभन योग का शुभ संयोग है, जो मांगलिक कार्यों के लिए उत्तम माना जाता है। प्रभु श्री राम की पूजा के लिए सुबह 11:13 से दोपहर 01:41 बजे तक का मध्याह्न मुहूर्त सबसे श्रेष्ठ है।
शुभ कार्यों के लिए दोपहर 12:02 से 12:52 बजे तक के अभिजीत मुहूर्त का लाभ उठाएं। दोपहर में राहुकाल के समय सावधानी बरतना ठीक रहेगा।
महत्वपूर्ण विवरण:-
तिथि शुक्ल अष्टमी – प्रातः 11:48 बजे तक, फिर नवमी योग शोभन – 27 मार्च रात्रि 12:32 बजे तक करण बव – प्रातः 11:48 बजे तक करण बालव – रात्रि 10:55 बजे तक सूर्य और चंद्रमा की स्थिति
सूर्योदय का समय:-
प्रातः 06:18 बजे
सूर्यास्त का समय सायं 06:36 बजे चंद्रोदय का समय दोपहर 11:59 बजे
चंद्रास्त का समय:- प्रातः 02:30 बजे (27 मार्च) सूर्य और चंद्रमा की राशियां सूर्य देव: मीन राशि में स्थित हैं
चन्द्र देव: मिथुन राशि में स्थित हैं आज के शुभ मुहूर्त:- अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:02 बजे से दोपहर 12:52 बजे तक अमृत काल प्रातः 06:50 बजे से प्रातः 08:21 बजे तक
आज के अशुभ समय:- राहुकाल दोपहर 01:59 बजे से सायं 03:31 बजे तक
गुलिकाल प्रातः 09:23 बजे से प्रातः 10:55 बजे तक
यमगण्ड प्रातः 06:18 बजे से प्रातः 07:50 बजे तक
आज का नक्षत्र:- आज चंद्रदेव आर्द्रा नक्षत्र में विराजमान रहेंगे।
आर्द्रा नक्षत्र: सायं 04:19 बजे तक स्थान: 6°40’ मिथुन राशि से 20°00’ मिथुन राशि तक नक्षत्र स्वामी: राहु राशि स्वामी: बुधदेव देवता: रुद्र (भगवान शिव का संहारक रूप) प्रतीक: आंसू की बूंद सामान्य विशेषताएं: अत्यंत बुद्धिमान, चतुर, भौतिकवादी, परिवर्तनशील, जिज्ञासु, आत्म-केंद्रित, कभी-कभी अविश्वसनीय और क्रोधित होने वाले। यह नक्षत्र विनाश के माध्यम से पुनरुद्धार और अहंकार के त्याग का प्रतीक है।