Latest News

इंदौर में 15 से 29 मार्च तक चेटीचंड महोत्सव होगा, जानिए 20 मार्च को झूलेलाल शोभायात्रा का रूट क्या रहेगा

Neemuch headlines March 4, 2026, 5:35 pm Technology

इंदौर। सिंधी समाज की चेटीचंड उत्सव समिति भगवान झूलेलाल जयंती पर 15 दिवसीय महोत्सव आयोजित कर रही है। कार्यक्रम 15 मार्च से बहराणा यात्रा के साथ शुरू होंगे और 20 मार्च को मुख्य शोभायात्रा निकलेगी। 50 से अधिक संस्थाओं की भागीदारी के साथ सांस्कृतिक, धार्मिक और सामाजिक आयोजन 29 मार्च तक चलेंगे। विज्ञापन इंदौर में 15 से 29 मार्च तक चेटीचंड महोत्सव होगा, जानिए 20 मार्च को झूलेलाल शोभायात्रा का रूट क्या रहेगा? इंदौर में सिंधी समाज भगवान झूलेलाल जयंती को लेकर इस बार 15 दिनों का विस्तृत चेटीचंड महोत्सव आयोजित कर रहा है। कार्यक्रमों की तारीख 15 से 29 मार्च तय की गई है और इसकी शुरुआत बहराणा यात्रा से होगी। आयोजन की तैयारी शहरभर में बैठकों के जरिए आगे बढ़ाई जा रही है। चेटीचंड उत्सव समिति के अध्यक्ष हरीश डावानी, सचिव खेमचंद शादीजा और प्रचार प्रमुख नरेश फुंदवानी ने बताया कि महोत्सव के लिए समिति का गठन कर पदाधिकारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां दी गई हैं।

समाज के वरिष्ठजनों के सानिध्य में इस बार संचालन की कमान युवाओं और मातृशक्तियों को भी सौंपी गई है, ताकि आयोजन में नई पीढ़ी की भागीदारी बढ़े और कार्यक्रमों की श्रृंखला व्यापक हो। 15 मार्च से शुरू होगा कार्यक्रमों का क्रम महोत्सव का औपचारिक आरंभ 15 मार्च को सिंधी बाहुल्य इलाकों में बहराणा यात्रा से किया जाएगा। इसके बाद अलग-अलग दिनों में धार्मिक अनुष्ठान, सामाजिक मिलन, सांस्कृतिक गतिविधियां और युवा-केंद्रित कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आयोजन समिति का कहना है कि कार्यक्रमों की योजना इस तरह बनाई गई है कि समाज के हर आयु वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित हो सके। इस अवधि में समाज की 50 से अधिक संस्थाएं, पंचायतें और सामाजिक संगठन अपनी-अपनी सहभागिता दर्ज कराएंगे। इनके तहत बहराणा साहिब यात्रा, भव्य एकता संदेश यात्रा (वाहन रैली), साइकिल रैली, सिंधु ज्ञान प्रतियोगिता, सिंधू कार्निवाल एवं फूड मेला, झूलेलाल महिला कलश यात्रा, झूलेलाल साई की पालकी यात्रा, सिंधी मिलन समारोह, होजमालो कार्निवाल और सिंधी क्रिकेट लीग जैसे कार्यक्रम होंगे। धार्मिक आयामों में मंदिरों में श्री अमर कथा और सिद्धांत सागर पाठ, ब्राह्मण व संत भोज, आम भंडारा जैसे आयोजन भी शामिल किए गए हैं। इस तरह महोत्सव को केवल एक दिन के उत्सव तक सीमित न रखते हुए बहुस्तरीय सामुदायिक कार्यक्रम के रूप में तैयार किया गया है।

20 मार्च को निकलेगी भगवान झूलेलाल की शोभायात्रा महोत्सव के बीच 20 मार्च को मुख्य आकर्षण के रूप में भगवान झूलेलाल की शोभायात्रा निकाली जाएगी। इस यात्रा में भगवान झूलेलाल रथ पर सवार होकर भक्तों को दर्शन देंगे। शोभायात्रा के साथ झांकियां भी रहेंगी। यात्रा का प्रारंभ छत्रीबाग स्थित अखंड ज्योति मंदिर से होगा। इसके बाद यह नरसिंह बाजार, सीतलामाता बाजार, खजूरी बाजार, राजवाड़ा, यशवंत रोड, हरसिद्धि, हरूमल चौराहा, वीर बलिदानी हेमू कालानी चौराहा, सिरुमल खथूरिया चौराहा, पलसीकर, संत कंवरराम ब्रिज और स्वामी प्रीतमदास मार्ग से होकर सिंधी कॉलोनी पहुंचेगी। वहीं शोभायात्रा का समापन किया जाएगा। रूट के अलग-अलग हिस्सों में सामाजिक संस्थाओं की ओर से स्वागत मंच लगाए जाएंगे। समिति के अनुसार यह व्यवस्था समाज के सामूहिक सहयोग से की जा रही है, ताकि यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं का स्वागत और व्यवस्थापन दोनों सुचारु तरीके से हो सके। युवा और मातृशक्ति की भूमिका पर फोकस आयोजन के ढांचे में इस बार एक स्पष्ट बदलाव यह भी है कि कार्यक्रम संचालन में युवाओं और मातृशक्तियों को अग्रिम भूमिका दी गई है। वरिष्ठजनों के मार्गदर्शन के साथ यह मॉडल तैयार किया गया है, जिससे परंपरा और नए आयोजन कौशल का संतुलन बन सके। समिति लगातार बैठकें कर रही है और हर कार्यक्रम के लिए जिम्मेदारी-आधारित टीम संरचना बनाई जा रही है।

15 से 29 मार्च तक चलने वाला यह महोत्सव धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों का संयुक्त कैलेंडर लेकर आ रहा है, जिसमें भगवान झूलेलाल जयंती के अवसर पर शहरस्तरीय भागीदारी देखने को मिलेगी।

Related Post