भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आम बजट को विकसित भारत 2047 की दिशा में एक सशक्त कदम बताया है। इंदौर के डेली कॉलेज में वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के बजट भाषण को देखने के बाद मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2026- 27 का बजट विकसित भारत @2047 के लक्ष्य की प्राप्ति की दिशा में प्रभावी कदम है। बजट में गरीबों, युवाओं, अन्नदाताओं और महिलाओं पर विशेष फोकस है। यह बजट विकास को और अधिक गति देगा तथा भारतीय अर्थव्यवस्था को वैश्विक अर्थव्यवस्था में उच्च स्थान दिलवाले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. आर्थिक प्रगति को बढ़ाना, जन सामान्य की उम्मीदों को पूरा करना और सबका साथ सबका विकास बजट की मुख्य विशेषता है।
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आगे कहा कि 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों के विकास और सभी शहरी आर्थिक क्षेत्रों पर 5 साल में 5000 करोड रुपए खर्च करने, छोटे शहरों में तीर्थ स्थल विकसित करने, प्रत्येक जिले में एक महिला छात्रावास के निर्माण और जिला अस्पतालों को अपग्रेड करने की व्यवस्था से प्रदेश को बहुत लाभ होगा. वहीं मोदी सरकार तीसरे कार्यकाल के तीसरे आम बजट को प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने विकसित भारत 2047 के संकल्प को साकार करने वाला बजट बताया है। प्रदेश भाजपा कार्यालय में वित्तमंत्री के बजट भाषण को देखने के बाद वित्तमंत्री जगदीश देवड़ा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के विकसित भारत @2047 के विजन को धरातल पर उतारने वाला है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा चिन्हित चार प्रमुख वर्गों गरीब, किसान, युवा और नारीशक्ति को केंद्र में रखकर तैयार किया गया यह बजट "सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास" की भावना को पूरी तरह प्रतिबिंबित करता है। उन्होंने इसे जनता का बजट करार देते हुए कहा कि इसमें मजदूर से लेकर मध्यम वर्ग तक हर वर्ग के हितों का संरक्षण किया गया है। बजट की प्रमुख घोषणाओं पर चर्चा करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए टैक्स में छूट का प्रावधान आम आदमी के लिए संजीवनी साबित होगा।
साथ ही, नए राष्ट्रीय जलमार्गों की शुरुआत की घोषणा को उन्होंने एक दूरदर्शी कदम बताया, जो देश की परिवहन क्षमता और व्यापारिक ढांचे को आधुनिक स्वरूप प्रदान करेगा।