आज अंग्रेजी तारीख 6 जून 2026 ई.। सूर्य उत्तरायण, उत्तर गोल, ग्रीष्म ऋतु। राहुकाल सुबह 09:00 से 10:30 बजे तक। षष्ठी तिथि अगले दिन तड़के 02 बजकर 40 मिनट (7 जून) तक उपरांत सप्तमी तिथि का आरंभ।
श्रवण नक्षत्र प्रातः 06 बजकर 03 मिनट तक उपरांत धनिष्ठा नक्षत्र का आरंभ। इन्द्र योग प्रातः 10 बजकर 05 मिनट तक उपरांत वैधृति योग का आरंभ।
गरज करण दोपहर 02 बजकर 04 मिनट तक उपरांत वणिज करण का आरंभ। चंद्रमा सायं 07 बजकर 03 मिनट तक मकर राशि पर उपरांत कुंभ राशि पर संचरण करेगा।
तिथि: कृष्ण षष्ठी – अगले दिन तड़के 02:40 बजे (7 जून) तक, फिर सप्तमी योग इन्द्र – प्रातः 10:05 बजे तक, फिर वैधृति करण गरज – दोपहर 02:04 बजे तक करण वणिज – अगले दिन तड़के 02:40 बजे (7 जून) तक, फिर विष्टि (भद्रा)
सूर्य और चंद्रमा की स्थिति---
सूर्योदय का समय :-
प्रातः 05:23 बजे
सूर्यास्त का समय :-
सायं 07:17 बजे
चंद्रोदय का समय :-
रात्रि 11:51 बजे
चंद्रास्त का समय :-
प्रातः 10:12 बजे (7 जून)
आज के व्रत त्योहार :-
कृष्ण षष्ठी तिथि।
आज का शुभ मुहूर्त :-
अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11 बजकर 52 मिनट से 12 बजकर 48 मिनट तक। अमृत काल रात्रि 08 बजकर 43 मिनट से रात्रि 10 बजकर 26 मिनट तक। ब्रह्म मुहूर्त सुबह 3 बजकर 52 मिनट से 4 बजकर 38 मिनट तक।
आज का अशुभ मुहूर्त :-
सुबह 09:00 से 10:30 बजे तक राहुकाल रहेगा। सुबह 06:00 से 07:30 बजे तक गुलिक काल रहेगा। दोपहर 01:30 से 03:30 बजे तक यमगंड रहेगा।
आज का नक्षत्र :- आज चंद्रदेव श्रवण नक्षत्र से निकलकर धनिष्ठा नक्षत्र में प्रवेश करेंगे। श्रवण नक्षत्र: प्रातः 06:03 बजे तक स्थान: 10° मकर राशि से 23°20’ मकर राशि तक नक्षत्र स्वामी: चंद्रदेव राशि स्वामी: शनिदेव देवता: विष्णुदेव (सृष्टि के पालनहार) प्रतीक: कान
सामान्य विशेषताएं :-
इस नक्षत्र में जन्मे लोग बहुत जिज्ञासु, बुद्धिमान और ज्ञानी होते हैं। इनकी बौद्धिक क्षमता उच्च होती है और ये स्वभाव से उत्साही होने के साथ-साथ एक बहुत अच्छे श्रोता भी होते हैं। इनमें हर परिस्थिति को गंभीरता से देखने की क्षमता होती है और ये जीवन में निरंतर नया सीखने के लिए तत्पर रहते हैं।
आज का उपाय :-
आज हनुमान जी के सम्मुख दीपक जलाकर हनुमान चालीसा का पाठ करें। शनिवार के दिन शनिदेव को सरसों का तेल अर्पित करना और काले तिल का दान करना बहुत अच्छा माना जाता है। यह दान धार्मिक कार्यों के सुंदर और सफल संपादन के लिए अत्यंत श्रेष्ठ फलदायी माना जाता है।