मंदसौर । जल गंगा संवर्धन अभियान अंतर्गत जिले में खेत तालाब निर्माण कार्य तेजी से जारी है। जिले में अब तक 417 खेत तालाब बनकर तैयार हो चुके हैं, जबकि 820 तालाबों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। इन तालाबों के पूर्ण होने के बाद जिले में जल संरक्षण एवं सिंचाई व्यवस्था को और अधिक मजबूती मिलेगी। सीईओ जिला पंचायत श्री अनुकूल जैन ने बताया कि जिले में कुल 1237 खेत तालाब निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इनमें भानपुरा जनपद में 156 में से 70, गरोठ में 282 में से 149, मल्हारगढ़ में 238 में से 79, मंदसौर में 230 में से 37 तथा सीतामऊ में 331 में से 83 खेत तालाब तैयार किए जा चुके हैं। जिले में सबसे अधिक 331 खेत तालाबों का निर्माण सीतामऊ जनपद में किया जा रहा है, जबकि गरोठ जनपद ने अब तक सर्वाधिक 149 खेत तालाब पूर्ण कर लिए हैं। उन्होंने बताया कि मंदसौर जिले में खेत तालाब निर्माण जल संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बनकर सामने आया है। जिले के कई क्षेत्रों में वर्षा का पानी बहकर व्यर्थ चला जाता था, जिससे गर्मी के मौसम में सिंचाई एवं पेयजल संकट की स्थिति उत्पन्न होती थी। खेत तालाब बनने से अब वर्षा जल का संग्रह संभव हो रहा है, जिससे किसानों को आवश्यकता के समय सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा। इससे सोयाबीन, गेहूं, लहसुन सहित अन्य फसलों के उत्पादन में स्थिरता आएगी तथा सूखे जैसी परिस्थितियों में भी खेती को सहारा मिलेगा। खेत तालाबों से भूजल स्तर में सुधार, मिट्टी संरक्षण एवं पशुपालन गतिविधियों को भी लाभ मिल रहा है। जिले के कई किसान ड्रिप एवं स्प्रिंकलर सिंचाई के साथ खेत तालाबों का उपयोग कर पानी की बचत करते हुए बेहतर उत्पादन की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। राज्य शासन द्वारा संचालित जल गंगा संवर्धन अभियान, खेत तालाब योजना एवं अन्य जल संरचना विकास कार्यक्रमों के माध्यम से वर्षा जल संचयन को बढ़ावा दिया जा रहा है। मंदसौर जिले में खेत तालाब कृषि को स्थायी एवं जल संरक्षण को प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।