मंदसौर । कुशाभाऊ ठाकरे ऑडिटोरियम में “नारी शक्ति वंदन सम्मेलन” का भव्य आयोजन किया गया। इस सम्मेलन में जिले की प्रभारी मंत्री एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुईं। महिलाओं को संसद एवं विधानसभा में 33 प्रतिशत आरक्षण प्रदान करने वाले नारी शक्ति वंदन अधिनियम के अंतर्गत सम्मेलन का आयोजन किया गया।
सम्मेलन में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती दुर्गा विजय पाटीदार, उपाध्यक्ष श्रीमती मनु प्रिया विनीत यादव, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती रमादेवी बंशीलाल गुर्जर, उपाध्यक्ष श्रीमती नम्रता प्रीतेश चावला, पूर्व अध्यक्ष श्रीमती प्रियंका मुकेश गिरी गोस्वामी, श्रीमती वंदना खंडेलवाल, श्रीमती स्वाति चोपड़ा, सुवासरा विधायक श्री हरदीप सिंह डंग, गरोठ विधायक श्री चंदर सिंह सिसोदिया, पूर्व विधायक श्री यशपाल सिंह सिसोदिया, जिला योजना समिति सदस्य श्री राजेश दीक्षित, जनपद अध्यक्ष श्री बसंत शर्मा प्रशासनिक अधिकारियों में कलेक्टर श्रीमती अदिती गर्ग, पुलिस अधीक्षक श्री विनोद कुमार मीना, अपर कलेक्टर श्रीमती एकता जायसवाल, सीईओ जिला पंचायत श्री अनुकूल जैन सहित जिलाधिकारी, बड़ी संख्या में मातृ शक्ति पत्रकार मौजूद थे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मातृशक्ति की सहभागिता रही, जिससे सम्मेलन का वातावरण उत्साहपूर्ण और प्रेरणादायक बना। इस अवसर पर प्रभारी मंत्री सुश्री भूरिया ने अपने संबोधन में कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम देश के इतिहास में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक निर्णय साबित होगा। इससे महिलाओं को न केवल राजनीतिक प्रतिनिधित्व मिलेगा, बल्कि नीति निर्माण में उनकी सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित होगी। उन्होंने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि इस अधिनियम का एकजुटता के साथ समर्थन करें। उन्होंने बताया कि 16 अप्रैल से 18 अप्रैल तक संसद में इस विषय पर तीन दिवसीय विशेष सत्र आयोजित किया जा रहा है, जिसे सभी नागरिकों को ध्यानपूर्वक सुनना चाहिए। उन्होंने कहा कि देश की स्वतंत्रता संग्राम से लेकर वर्तमान समय तक महिलाओं ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है और अब समय आ गया है कि उन्हें निर्णय प्रक्रिया में भी समान भागीदारी दी जाए। प्रभारी मंत्री ने शिक्षा के क्षेत्र में बेटियों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों में बालिकाओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों से आग्रह किया कि इन प्रतिभाशाली छात्राओं का सम्मान कर उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि वर्तमान में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अनेक प्रयास किए जा रहे हैं। महिलाएं अब न केवल स्वयं आय अर्जित कर रही हैं, बल्कि अन्य लोगों को रोजगार भी प्रदान कर रही हैं और विभिन्न उद्योग स्थापित कर रही हैं। यह महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सकारात्मक संकेत है। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती दुर्गा विजय पाटीदार ने कहा कि “जहां नारी की पूजा होती है, वहां देवताओं का वास होता है।” उन्होंने इस अधिनियम को महिलाओं के सम्मान और अधिकारों को सशक्त बनाने वाला ऐतिहासिक कदम बताया। नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती रमादेवी बंशीलाल गुर्जर ने अपने उद्बोधन में कहा कि यह अधिनियम मातृशक्ति को उनकी प्रतिभा को निखारने का अवसर प्रदान करेगा और समाज में उनके सम्मान को और अधिक बढ़ाएगा। अंत में प्रभारी मंत्री द्वारा 10वीं एवं 12वीं कक्षा में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाली बालिकाओं का मंच से सम्मानित किया।
एवं महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में प्रेरणादायक कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया।