जीरन पुलिस का बेतुका तर्क,200 कुएं हैं, कहां-कहां पुलिस भेजें?
चीताखेड़ा।जीरन थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले आस्था के केंद्र रामझर महादेव मंदिर (दलपतपुरा झील) में चोरों के हौसले बुलंद हैं। यहाँ बदमाशों के मन से पुलिस का खौफ इस कदर खत्म हो चुका है कि पिछले 35 दिनों के भीतर चोरों ने मंदिर के कुएं से दूसरी बार विद्युत मोटर पर हाथ साफ कर दिया है। मंदिर के पुजारी विष्णु गिरी गोस्वामी ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा और महादेव के जलाभिषेक के लिए कुएं में पनडुब्बी मोटर लगाई गई थी, जिसे चोरों ने अपना निशाना बनाया।पहली चोरी 24 फरवरी 2026 की रात को अज्ञात बदमाश पहली मोटर ले उड़े। पुलिस को लिखित शिकायत दी गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। दूसरी चोरी पुलिस की सुस्ती का फायदा उठाकर चोरों ने 29 मार्च 2026 की रात को फिर से दूसरी मोटर चोरी कर ली। *पुलिस का अजीबोगरीब बयान,'हम कहाँ-कहाँ जाएँ?'* जब इस मामले में जीरन थाना प्रभारी उमेश यादव से जवाब मांगा गया, तो उनका बयान कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला था। उन्होंने अपनी लाचारी जताते हुए कहा कि बल की कमी है। थाने पर सिर्फ 30 जवान हैं, जबकि क्षेत्र में 200 कुएं हैं। पुलिस कहाँ-कहाँ पहरा दे? सुराग नहीं मिल रहा है, वहां न आबादी है और न ही सीसीटीवी कैमरे। ऐसे में सुराग कैसे लगाएं? अगर किसी पर शंका हो, तो जनता को पुलिस का सहयोग करना होगा। लगातार हो रही इन चोरियों और पुलिस के इस "लाचार" रवैये से स्थानीय ग्रामीणों और श्रद्धालुओं में गहरा आक्रोश है। लोगों का कहना है कि यदि धार्मिक स्थलों पर भी सुरक्षा नहीं है, तो आमजन खुद को सुरक्षित कैसे महसूस करे?
*इनका कहना* "दो बार चोरी होने से अब महादेव के पूजन-अर्चन और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पीने के पानी का भारी संकट खड़ा हो गया है।"
— विष्णु गिरी गोस्वामी, पुजारी