नीमच। जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीदी का कार्य 15 मार्च 2025 से प्रारंभ हो गया है। जिले में कुल 29 खरीदी केंद्र स्थापित किए गए है। गेहूं उपार्जन के लिए अब तक जिले के 11 हजार 325 किसानों ने अपना पंजीयन करवाया है। सभी उपार्जन केंद्रों पर किसानों की सुविधा के लिए सभी आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित किए जाए।
यह निर्देश कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष नीमच में जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी कार्य की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव, एडीएम श्रीमती लक्ष्मी गामड़, सभी एसडीएम, कृषि, खाद्य, जिला केंद्रीय सहकारी बैंक सहित उपार्जन कार्य से जुड़े अधिकारीगण उपस्थित थे। बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए, कि उपार्जन कार्य के लिए खरीदी केंद्र पर तैनात किए गए कृषि विभाग के ग्रामीण कृषि विकास विस्तार अधिकारी नोडल अधिकारी के रूप में खरीदी केंद्र पर पूरे समय उपस्थित रहकर, एफएक्यू श्रेणी का गेंहूं का उपार्जन सुनिश्चित करेंगे। किसी भी केंद्र पर नॉन एफ.ए.क्यू. गेहूं का उपार्जन ना हो, इसकी जिम्मेदारी संबंधित सर्वेयर एवं केंद्र के नोडल अधिकारी की रहेगी। कलेक्टर ने उपार्जन केंद्रों पर खरीदे गये गेहूं को उसी दिन 12 घण्टे की समय सीमा में परिवहन कर, निर्धारित गोदाम में भण्डारित करने के निर्देश भी नागरिक आपूर्ति निगम के जिला प्रबंधक को दिए। उन्होने सभी केंद्रों पर पर्याप्त संख्या में बारदाना उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने आगामी दिनों में मौसम के पूर्वानुमान एवं बारिश की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए उर्पाजित गेहूं को सुरक्षित रखने की पर्याप्त व्यवस्था भी करने के निर्देश संबंधित अधिकारियो को दिए।
बैठक में कलेक्टर ने आगामी कृषि सीजन के लिए पर्याप्त मात्रा में उर्वरक का अग्रिम भण्डारण करवाने तथा नैनो यूरिया, नैनो डी.ए.पी.की उपलब्धता सुनिश्चित कर, लगभग 45 हजार किसानों को प्रेरित कर, नैनो उवर्रक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने दुग्ध समितियों को क्रियाशील बनाने, दुग्ध समितियों के सदस्यों, दुग्ध उत्पादकों को पशुपालन के केसीसी बनाने के लिए फार्म भरवाने के निर्देश भी दुग्ध संघ एवं जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के क्षेत्रीय प्रबंधक को दिए। पेयजल समस्या के समाधान की ठोस योजना बनाए बैठक में कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने जिले के नगरीय क्षेत्रों एवं ग्रामीण क्षेत्रों में ग्रीष्मकाल में संभावित पेयजल समस्या से निपटने के लिए अभी से कार्ययोजना तैयार करने, सार्वजनिक एवं निजी जल स्त्रोतों को अधिग्रहण करने के लिए चिन्हित करने तथा ग्रीष्मकाल में पर्याप्त पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश सभी संबंधित अधिकारियों को दिए। कलेक्टर ने नीमच नगरपालिका के सीएमओ को जाजू सागर जलाश्य से अवैध रूप से विद्युत पम्प के माध्यम से सिंचाई करने वालों के विरूद्ध कार्यवाही करने और जाजू सागर का जल पेयजल के लिए संरक्षित करने के निर्देश दिए।