नीमच। ,जिले में गत 19 मार्च से प्रारंभ जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत सभी विभाग जल संरक्षण संरचनाओं के अधिकाधिक कार्य चिन्हित कर अपने विभाग की विस्तृत कार्य योजना तैयार कर, उसका समय सीमा में क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। इस अभियान में किसी भी प्रकार की उदासीनता बर्दाश्त नही की जावेगी।यह निर्देश कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने सोमवार को कलेक्टोरेट सभा कक्ष नीमच में जल गंगा सवर्धन अभियान की समीक्षा के दौरान सभी विभागों के जिला अधिकारियों को दिए।
बैठक में जिला पंचायत सीईओं अमन वैष्णव ,डीएफओं एस.के. अटोदे , जल संसाधन , लो.स्वा.यां.विभाग , ग्रा.या.सेवा., लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन यंत्री , उपयंत्री सहायक यंत्री एवं जिला अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में सभी नगरीय निकायों को अमृत 1.0 के तहत निर्मित जल संरचाओं के जीर्णोद्धार, नालों नदियों के शोधन की कार्य योजना तैयार करने, जल संवर्धन संरचाओं से अतिक्रमण हटाने , नदी नालों की साफ-सफाई , हरित क्षेत्र विकास एवं पौधा रोपण की तैयारी करने के निर्देश दिए गये ।बैठक में वन विभाग को वन क्षेत्रों में बोल्डर चेक डेम , डबरा डबरी, भूजल संरक्षण कार्य , वन क्षेत्र मे पूर्व से निर्मित तालाबों के गहरीकरण के कार्य करवाने के लिए विस्तृत कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए। नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में जल चौपाल करें-: बैठक में कलेक्टर चंद्रा ने सभी जनपद सीईओं और सभी सी.एम.ओं. को निर्देश दिए कि वे सभी नगरीय क्षेत्रों और ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत स्तर पर जल चौपाल आयोजित करें और इन जल चौपालों में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और आमजनों की सहभागिता सुनिश्चित करें। जल चौपाल के आयोजन दौरान जल संरचनाओं की साफ-सफाई एव स्वच्छता के लिए श्रमदान के कार्यक्रम भी आयोजित किए जाए।
बैठक में बताया गया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत जिले में 221 जल संरचनाओं का जनसहयोग से गहरीकरण कर मिट्टी निकालने के लिए चिन्हित किया गया है। साथ ही 66 जल संरचनाए ,जीर्णोद्धार के लिए चिन्हित की गई है ।
जिले में 30 अमृत सरोवर निर्माण कार्य एवं 371 नवीन खेत तालाब निर्माण के कार्य भी चिन्हित किए गए है । कलेक्टर ने जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत स्वीकृत कार्य समय सीमा में पूर्ण करवाने के निर्देश सभी कियान्वयन ऐजेसियों को दिए है। अभियान के तहत स्वीकृत एवं पूर्ण किया जाने वाले कार्यो की जानकारी नियतिम रूप से पोर्टल पर दर्ज करवाने के निर्देश भी संबंधित विभागों को दिए गये है।