नीमच। उच्च शिक्षा विभाग, मध्यप्रदेश, भोपाल के निर्देशानुसार महाविद्यालय में छात्राओं के मानसिक स्वास्थ्य एवं तनाव प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए दिनांक 13 मार्च 2026 से 17 मार्च 2026 तक "तनाव प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर आधारित मनोबल सत्र" का आयोजन ऑनलाइन माध्यम से किया गया। इन सत्रों का प्रसारण YouTube के माध्यम से किया गया, जिसमें महाविद्यालय की बड़ी संख्या में छात्राओं एवं महाविद्यालयीन परिवार ने सक्रिय सहभागिता की। दिनांक 13 मार्च 2026 को आयोजित प्रथम सत्र में डॉ. तनमय जोशी (सहायक प्राध्यापक, Department of Psychiatry, AIIMS) द्वारा "Strategies to Combat Academic & Psychological Stress" विषय पर व्याख्यान दिया गया। उन्होंने छात्राओं को शैक्षणिक दबाव एवं मानसिक तनाव से निपटने के प्रभावी उपायों के बारे में मार्गदर्शन प्रदान किया दिनांक 14 मार्च 2026 को द्वितीय सत्र में श्री मनोज कुमार शर्मा, IPS (महानिरीक्षक, महाराष्ट्र पुलिस) द्वारा "How to Pursue One's Ambition Without Stress" विषय पर प्रेरक उद्बोधन दिया गया। उन्होंने लक्ष्य निर्धारण, अनुशासन एवं सकारात्मक सोच के माध्यम से बिना तनाव के उद्देश्यों की प्राप्ति पर बल दिया।
दिनांक 16 मार्च 2026 को तृतीय सत्र में श्री सत्य साईं सेवा संगठन, मध्यप्रदेश द्वारा Meditation Session का आयोजन किया गया, जिसमें ध्यान एवं मानसिक शांति के विभिन्न अभ्यासों के माध्यम से छात्राओं को तनावमुक्त रहने की तकनीकों से अवगत कराया गया दिनांक 17 मार्च 2026 को अंतिम सत्र में डॉ. ऋतुनंदन द्वारा "Social Stress, Life Skills & Emotional Balance" विषय पर विस्तृत व्याख्यान प्रस्तुत किया गया। उन्होंने सामाजिक दबावों के बीच संतुलित जीवन जीने एवं भावनात्मक संतुलन बनाए रखने के महत्वपूर्ण पहलुओं पर प्रकाश डाला कार्यक्रम के अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. प्रतिभा कालानी की गरिमामयी उपस्थिति रही। उन्होंने अपने उद्बोधन में छात्राओं को ऐसे सत्रों से प्राप्त ज्ञान को व्यवहार में लाने एवं मानसिक रूप से सशक्त बनने हेतु प्रेरित किया। इस अवसर पर एनटीएफ प्रभारी डॉ. हीना हरित द्वारा छात्राओं को तनाव प्रबंधन के व्यावहारिक उपायों तथा सकारात्मक सोच के महत्व पर मार्गदर्शन प्रदान किया गया एवं जीवन कौशल एवं आत्म-नियंत्रण के माध्यम से सफलता प्राप्त करने हेतु छात्राओं को प्रेरित किया।
कार्यक्रम का संचालन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ तथा प्रत्येक सत्र में महाविद्यालयीन परिवार एवं छात्राओं की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।