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मकान विवाद के कारण मारपीट करने वाले 03 आरोपीगण को कारावास

Neemuch headlines October 8, 2025, 5:39 pm Technology

नीमच। श्रीमती अंकिता गुप्ता, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, नीमच द्वारा मकान बनाये जाने के विवाद के कारण मारपीट करने वाले आरोपी (1) राकेश पिता कैलाश चौधरी, उम्र-30 वर्ष, निवासी-ग्राम रावणरूण्डी, जिला नीमच को धारा 324 भारतीय दण्ड संहिता, 1860 में 6 माह के साश्रम कारावास व कुल 6000रू अर्थदण्ड व धारा 323 भारतीय दण्ड संहिता, 1860 में न्यायालय उठने तक के कारावास व 1000 रू अर्थदण्ड तथा आरोपीगण (2) रोहित उर्फ लक्की पिता सुरेश टाक, उम्र-38 वर्ष, निवासी-इंद्रा नगर, जिला नीमच व (3) मदनलाल पिता बाबुलाल ग्वाला, उम्र-56 वर्ष, निवासी-माधवगंज मौहल्ला, जिला नीमच को धारा 323/34 भारतीय दण्ड संहिता, 1860 के अंतर्गत न्यायालय उठने तक के कारावास एवं 1000-1000 रू अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।

प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी करने वाले एडीपीओं विपिन मण्डलोई द्वारा घटना की जानकारी देते हुए बताया कि घटना लगभग 03 वर्ष पूर्व दिनांक 19.01.2022 को सुबह के लगभग 09 बजे ग्राम ग्राम रावणरूण्डी स्थित फरियादिया रेखाबाई के घर के बाहर की हैं। फरियादिया रेखाबाई ने थाना नीमच सिटी पर उपस्थित होकर रिपोर्ट लिखाई कि घटना दिनांक को वह तथा उसके पिता जगदीश, माता गुडडीबाई व भाई अशोक घर के बैठकर आग जलाकर ताप रहे थे। उसी समय वहां पर आरोपी राकेश आया और उसने कहां की यह मकान बनाने के 10000 रू देने पडेगे तो फरियादिया के पिता ने रूपये देने से मना किया, इस पर आरोपी बोला कि वह यहां का दादा हैं, इसलिए उसे रूपये देने पडेगें। इसी बात पर विवाद करते हुए आरोपी ने उसकी जेब से घासलेट की शीशी निकाली और जगदीश के पैर पर डालकर माचिस से आग लगा दी, जिससे जगदीश का पैर जलने लगा। फरियादिया व उसकी माता व भाई ने बीच-बचाव किया तो आरोपी राकेश ने दराते से फरियादिया पर हमला किया, जिससे फरियादिया के हाथ पर चोट आई। उसी दौरान आरोपी राकेश के काका मदनलाल व रोहित उर्फ लक्की वहां पर आ गये और उन्होने भी मारपीट की फिर वे सभी वहां से चले गयें। फरियादिया की रिपोर्ट पर से आरोपीगण के विरूद्ध अपराध पंजीबद्ध किया गया तथा उनका मेडिकल कराया जाकर आवश्यक अनुसंधान उपरांत अभियोग पत्र नीमच न्यायालय में प्रस्तुत किया गया विचारण के दौरान अभियोजन की ओर से न्यायालय में फरियादिया व आहतगण सहित सभी महत्वपूर्ण गवाहों के बयान कराकर अपराध को संदेह से परे प्रमाणित कराते हुवे आरोपीगण को कठोर दण्ड से दण्डित किये जाने का निवेदन किया गया, जिस पर से माननीय न्यायालय द्वारा आरोपीगण को उपरोक्त दण्ड से दण्डित किया गया एवं जुर्माने की सम्पूर्ण राशि को आहतगण को प्रतिकर के रूप में प्रदान किये जाने का आदेश भी दिया गया।

प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी विपिन मण्डलोई, एडीपीओ द्वारा की गई।

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